Home जशपुरनगर : ‘रमन के गोठ’ की तेरहवीं कड़ी को उत्साह के साथ लोगों ने सुना : मानव तस्करों और फर्जी चिटफंड कम्पनियों से सावधान रहे जनता-डॉ. रमन सिंह

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जशपुरनगर : ‘रमन के गोठ’ की तेरहवीं कड़ी को उत्साह के साथ लोगों ने सुना : मानव तस्करों और फर्जी चिटफंड कम्पनियों से सावधान रहे जनता-डॉ. रमन सिंह

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काम से बाहर जाने वाले श्रमिकों की जानकारी पंचायतों में रखी जाएगी


जशपुरनगर 11 सितम्बर 2016

जशपुर जिले में रमन के गोठ की तेरहवीं कड़ी का प्रसारण उत्साह के साथ सुना गया। रेडियो के साथ विभिन्न समाचार चैनलों में इसके प्रसारण की व्यवस्था होने से जिले भर में इसे सुना गया। जिला मुख्यालय के जिला गं्रथालय में सामूहिक रूप से रमन के गोठ सुनने के लिए प्रोजेक्टर की व्यवस्था की गई थी। यहां कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला, एसडीएम श्री एस.के.दुबे, डिप्टी कलेक्टर श्री हितेश बघेल, बीईओ श्री डी.के. यादव, परियोजना समन्वयक आरएमएसए श्री बी.पी. जाटवर, सहित अन्य अधिकारियों -कर्मचारियों, शिक्षकों, स्कूल एवं छात्रावास के विद्यार्थियों सहित बड़ी संख्या में जनसामान्य उपस्थित थे।
’रमन के गोठ’ को सामूहिक रूप से सुनने के लिए जनपद एवं नगर पंचायतों सहित अन्य स्थानों में व्यवस्था की गई थी। लोक शिक्षा केन्द्रों में भी प्रसारण को सुना गया। नवसाक्षरों सहित जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिकों सहित ग्रामीणजनों ने लोक शिक्षा केन्द्रों में रमन के गोठ को सुना। यहां लोगों ने उत्साहपूर्वक मुख्यमंत्री की बातंे सुनी। जिले के सभी अनुभाग और सभी विकासखण्ड के क्षेत्रों में नागरिकों ने टेलीविजन एवं रेडियो पर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की वार्ता ’रमन के गोठ’ को बड़े उत्साह एवं उमंग से सुना। नगर एवं गांव में महिलाओं, पुरूषों, बुजुर्गो के अलावा बच्चों ने भी प्रदेश के मुखिया की वार्ता को सुना। सभी ने 20 मिनट के कार्यक्रम ’रमन के गोठ’ का प्रसारण धैर्यपूर्वक सुना।
 मुख्यमंत्री ने कहा-मैंने सभी जिलों में प्रशासन को यह निर्देश दिए हैं कि रोजगार की दृष्टि से अपने परिवार की बेहतर आमदनी के लिए दूसरे प्रदेशों में जाने वाले छत्तीसगढ़ के लोगों की समुचित जानकारी उनके ग्राम पंचायतों में उपलब्ध होनी चाहिए और समय-समय पर उनकी सुरक्षा की समीक्षा भी होनी चाहिए। उन्होंने आज के प्रसारण में जहां मानव तस्करी जैसे विषय को अत्यंत गंभीरता से लिया, वहीं इस बात को भी रेखांकित किया कि जशपुर, रायगढ़ और सरगुजा के सीमावर्ती इलाकों में पहले की तुलना में स्थिति में काफी सुधार हुआ है। उन्होंने कहा-जशपुर और रायगढ़ जिले में पुलिस और समाज के सहयोग से इतनी अच्छी प्रणाली विकसित की गई है कि वहां मानव तस्करी के अपराध को रोकने के लिए गांव-गांव में पंचायत पदाधिकारी और सरकारी कर्मचारी सक्रिय हो गए हैं। इसके फलस्वरूप वहां इस प्रकार की घटनाओं पर अंकुश लगा है। मुख्यमंत्री ने इस दिशा में सराहनीय कार्य के लिए दोनों जिलों के तत्कालीन पुलिस अधीक्षक डॉ. संजीव शुक्ला को मिले राष्ट्रीय पुरस्कार का भी उल्लेख किया।


स.क्र./41/

Date: 
11 Sep 2016