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जशपुरनगर : ‘रमन के गोठ’ की नौंवी कड़ी को उत्साह के साथ लोगों ने सुना

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लोक सुराज अभियान एवं जेनेरिक दवा के महत्व को मुख्यमंत्री ने बताया

 जशपुरनगर 08मई 2016

जशपुर जिले में रमन के गोठ की नौंवी कड़ी का प्रसारण उत्साह के साथ सुना गया। रेडियो के साथ विभिन्न समाचार चैनलों में इसके प्रसारण की व्यवस्था होने से जिले भर में इसे सुना गया। जिला मुख्यालय के जिला ग्रन्थालय में सामूहिक रूप से रमन के गोठ सुनने के लिए प्रोजेक्टर की व्यवस्था की गई थी। यहां नगर पालिका के अध्यक्ष श्री हीरू राम निकुंज, कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला, गणमान्य नागरिक श्री ओमप्रकाश सिन्हा, पार्षद श्रीमती शशिकुमारी बाई, कुंवर देवी एवं शहर के गणमान्य नागरिक सहित बुद्धिजीवी, पत्रकार, जिला शिक्षा अधिकारी श्री योगेश शुक्ला, राजीव गांधी शिक्षा मिशन के जिला समन्वयक श्री शशिकांत सिंह, नगरपालिका के सीएमओ श्री प्रवेश चन्द्र कश्यप, बीईओ जशपुर श्री डी.के. यादव, मनोरा बीईओ श्री एम.जेड.यू. सिद्दीकी, परियोजना समन्वयक आरएमएस श्री जाटवर, सहित अन्य अधिकारियों -कर्मचारियों, शिक्षकों, स्कूल एवं छात्रावास के विद्यार्थियों सहित बड़ी संख्या में जनसामान्य उपस्थित थे।
इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा लोक सुराज अभियान में चौपाल के माध्यम से लोगों की समस्याओं एवं आवश्यकताओं को जानने का प्रयास सराहनीय है। जेनेरिक दवा निश्चित ही गुणवत्तापूर्ण और सस्ती होती है। इसका व्यापक प्रचार प्रसार होना चाहिए। साथ ही डॉक्टरों के द्वारा जेनेरिक दवाओं को प्राथमिकता से लिखा जाना चाहिए। गणमान्य नागरिक श्री ओमप्रकाश सिन्हा ने कहा कि जेनेरिक दवाओं को बढ़ावा दिया जाना जरूरी है। बालविवाह के रोकथाम के लिए मुख्यमंत्री की मंशानुरूप सभी को अपनी सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए। उन्होंने लोक सुराज अभियान की भी सराहना की।
    ’रमन के गोठ’ को सामूहिक रूप से सुनने के लिए विकासखण्ड एवं नगर पंचायतों सहित अन्य स्थानों में व्यवस्था की गई थी। लोक शिक्षा केन्द्रों में भी प्रसारण को सुना गया। नवसाक्षरों सहित जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिकों सहित ग्रामीणजनों ने लोक शिक्षा केन्द्रों में रमन के गोठ को सुना। यहां लोगों ने उत्साहपूर्वक मुख्यमंत्री की बातंे सुनी। जिले के सभी अनुभाग और सभी विकासखण्ड के क्षेत्रों में नागरिकों ने टेलीविजन एवं रेडियो पर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की वार्ता ’रमन के गोठ’ को बड़े उत्साह एवं उमंग से सुना। नगर एवं गांव में महिलाओं, पुरूषों, बुजुर्गो के अलावा बच्चों ने भी प्रदेश के मुखिया की वार्ता को सुना। सभी ने 15 मिनट के कार्यक्रम ’रमन के गोठ’ का प्रसारण शांत एवं धैर्यपूर्वक सुना। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री हर महीने के दूसरे रविवार को सबेरे 10.45 से 11 बजे तक टी.व्ही एवं आकाशवाणी के जरिये राज्य की जनता के साथ अपने विचारों को साझा करते हैं। डॉ. सिंह ‘रमन के गोठ’ शीर्षक इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ की सामाजिक-सांस्कृतिक और प्रशासनिक गतिविधियों तथा अपनी सरकार की विकास योजनाओं के बारे में वार्तालाप शैली में जनता को जानकारी देते हैं। उनका यह अभिनव कार्यक्रम भेंटवार्ता पर आधारित होता है, जो राजधानी रायपुर सहित राज्य में स्थित आकाशवाणी के सभी केन्द्रों और विभिन्न न्यूज चैनल और सभी एफएम रेडियो में भी प्रसारित होता है।
        मुख्यमंत्री ने अपने आज के गोठ में 10वीं और 12वीं की परीक्षा में सफलता पाए बच्चों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि जो बच्चे उम्मीद के मुताबिक सफल नहीं हो पाए, उन्हें बिल्कुल भी निराश नहीं होना चाहिए। आपको ऐसे कई उदाहरण मिलेंगे, कि किसी एक परीक्षा में उम्मीद से कम नम्बर पाने वाले बच्चे, दूसरी परीक्षा में शानदार सफलता पाते हैं।
        लोक सुराज अभियान के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि जब गर्मी में  हम पेड़ के नीचे बैठते हैं, आम के पेड़ के नीचे, महुआ के पेड़ के नीचे, कुसुम के पेड़ के नीचे और वहां बैठकर गांव वालों के बीच तपती धूप में चौपाल लगाकर बैठते हैं। तो मुझे लगता है, कि बहुत सारी नयी योजनाओं का जन्म उस अवसर पर होता है, और मैंने देखा है, कि हमने जितनी योजनाएं चौपाल में बनायी हैं। वो आज तक की सबसे सफल योजनाओं में एक है। हमने ‘‘मुख्यमंत्री बाल हृदय योजना’’, चावल उत्सव, चरण पादुका, लघु वनोपज खरीदी जैसी योजनाओं की शुरूआत की है। जब हम योजनाएं मंत्रालय की पांचवी मंजिल में ए.सी. कक्ष में बनाते हैं, तो योजनाएं दिमाग से बनती हैं, और जब हम चौपाल में गांव वालों के बीच योजनाएं बनाते हैं, तो न केवल दिमाग से बल्कि दिल से योजनाएं बनती हैं, इसलिए ऐसी चर्चाएं जो चौपाल में होती है, वो हमारे लिए भविष्य का एजेण्डा बन जाता है और इसका शत् प्रतिशत पालन हम करते हैं। हम ‘‘लोक सुराज अभियान’’ में गांव जाते हैं, ब्लॉक मुख्यालय में जाते हैं, जिले में बैठकर समीक्षा करते हैं, और इससे नई योजनाओं का जन्म भी होता है, और सरकार के लिए लगातार इस 12 साल में अपने आप का, खुद का आकलन करने के लिए भी यह सबसे बड़ा जरिया है, कि हम कहां असफल रहे, किन योजनाओं में हम पीछे हैं, और उन योजनाओं के क्रियान्वयन में निचले स्तर में क्या कमियां है। इन कमियों को दूर करने का इससे बेहतर उपाय और नहीं होगा। इसका उद्देश्य सिर्फ यही है, कि जनता के बीच योजनाओं का शत् -प्रतिशत पारदर्शी तरीके से क्रियान्वयन हो।
        हमने ’’लोक सुराज अभियान’’ में दो महत्वपूर्ण निर्णय लिये जिसकी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। सबसे पहले ग्रामवासियो की सबसे बड़ी समस्या जो हमने ’’लोक सुराज’’ और ’’ग्राम सुराज’’ में देखी। पटवारी से नक्शा, खसरा और बी-1 की प्रतियां मिलने में उन्हें महीनो चक्कर लगाने पड़ते हैं। इस बार हमने निर्णय लिया कि, छत्तीसगढ़ के पूरे किसानों और सभी लोगों को आने वाले तीन महीने के अन्दर सभी को खसरा, नक्शा और बी-1 की प्रति पटवारी निःशुल्क उनके गांवों में और पंचायतांे में बैठकर देंगे। ग्रामीणों को इससे संतोष होता है, कि पटवारी हमारे गांव में आकर हमें बी-1 नक्शा खसरा की प्रति देगा। दूसरा निर्णय यह है कि हमने एक बड़ी सोच को लेकर एक नई योजना का क्रियान्वयन किया है। गांव में आबादी जमीन का पट्टा लोगों को नहीं मिल पाया है। हमने कहा है, कि हम इस योजना की शुरूआत करते हैं। हम अब ग्रामीणों को उनकी आबादी जमीन का पट्टा भी उन्हें निःशुल्क बनाकर देने वाले हैं।
जनऔषधि केन्द्र शुरू किए गए
        मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में लगभग हर ब्लॉक मुख्यालय में हमने 108 जनऔषधि केन्द्र शुरू कर दिये हैं। ‘‘जन औषधि केन्द्र’’ मेें यहां ब्राण्डेड दवाओं से चौथाई दाम पर 400 प्रकार की जेनेरिक दवाएं उपलब्ध हैं। इतने बड़े पैमाने पर जनऔषधि केन्द्र खोलने वाला छत्तीसगढ़ संभवतः देश का एकमात्र राज्य है। इन जेनेरिक दवाओं की गुणवत्ता वही है, जो किसी मंहगी ब्राण्डेड दवा की होती है। अतः मैं जनता से अपील करूंगा कि ‘‘जनऔषधि केन्द्र’’ के बारे में आपस में चर्चा करें। जिसे दवा खरीदने की जरूरत हो या जिसके घर में कोई बीमार हो, उसे इस केन्द्र के बारे मंे बताएं और उन्हें यह विश्वास दिलाएं कि इस केन्द्र में मिलने वाली जेनेरिक दवाएं न केवल सस्ती हैं बल्कि गुणवत्ता में भी अच्छी हैं। इससे आपका पैसा बचेगा, जिसका उपयोग अन्य कार्यों में कर सकते हैं। मैं डॉक्टरों से भी अपील करता हूं कि अधिक से अधिक जेनेरिक दवाएं लिखें, जिससे गरीबों का पैसा बचे और वे स्वस्थ भी रहें।
        डॉ. रमन सिंह ने कल होने वाल ‘अक्षय तृतीया’ के संबंध में कहा कि  बाल विवाह की रोकथाम में सभी सहभागी बनें। एक भी बाल विवाह न हो और हमारा राज्य आदर्श राज्य बने। उन्होंने 21 मई को बुद्ध पूर्णिमा पर गौतम बुद्ध को सादर नमन करते हुए कहा कि  दया, करूणा और मानवता का जो मार्ग उन्होंने दिखाया था, उस पर चलकर हम अपना जीवन सार्थक बनाएं। हमारे लिए गौरव का विषय है कि महाप्रभु वल्लभाचार्य का जन्मस्थल हमारे प्रदेश के चम्पारण्य में है। इस माह उनकी जयंती के अवसर पर मैं उनका पावन स्मरण करता हूं। सेन महाराज, भगवान परशुराम, शंकराचार्य की जयंती के अवसर पर इन्हें नमन करता हूं तथा आप सबकी खुशहाली और प्रदेश के विकास के लिए आशीर्वाद मांगता हूं।


स.क्र./36/  
 

Date: 
08 May 2016