Homeराजनांदगांव : ‘रमन के गोठ’ कार्यक्रम में दसवीं बार मुखातिब हुए मुख्यमंत्री

Secondary links

Search

राजनांदगांव : ‘रमन के गोठ’ कार्यक्रम में दसवीं बार मुखातिब हुए मुख्यमंत्री

Printer-friendly versionSend to friend

छत्तीसगढ़ को सबसे बेहतर राज्य बनाने की परिकल्पना को साकार करना है- मुख्यमंत्री

    राजनांदगांव 12 जून 2016

 प्रदेश की जनता से वार्तालाप शैली में सीधे संवाद करने के उद्देश्य से आकाशवाणी के माध्यम से प्रसारित ‘रमन के गोठ’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह आज प्रदेश की जनता से दसवीं बार मुखातिब हुए। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा छत्तीसगढ़ केवल जमीन का टुकड़ा भर नहीं है, वरन यह भूमि हमारी माता है। उन्होने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य बनने के बाद राज्य के लोगों का विश्वास बढ़ा है। छत्तीसगढ़ राज्य के 20 हजार गांवों के लोगों भावनात्मक जुड़़ाव स्थापित करने के लिए हमर छत्तीसगढ़ योजना ग्राम के जनप्रतिनिधियों के माध्यम से 20 हजार ग्रामों के मिट्टी को नया रायपुर लाया जायेगा। नया रायपुर में प्रत्येक गांव के लोग पेड़ लगायेगें। जिससे की आने वाले उनके संतान, उनकी पीढ़ी भविष्य में इन स्मृतियों को जीवंत बनाने रख सकें। उन्होने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी जी परिकल्पना थी कि छत्तीसगढ़ राज्य देश में अपना अलग पहचान बनाये। इस कार्य हेतु हम बलरामपुर से बीजापुर तक के राज्य के सभी ग्राम के लोगों को रायपुर लाया जायेगा और हम सब मिलकर विकसित छत्तीसगढ़ राज्य की परिकल्पना को साकार करेंगे।
    मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा सफलता पूर्वक दो वर्ष के  कार्यकाल को पूरा होने पर मनाये जा रहे विकास पर्व की शुभकामनाएं दी। उन्होने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के  नेतृत्व में देश में जनधन योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना जैसे अनेक कल्याणकारी योजनाएं देश की जनता के लिए संचालित किया जा रहा है। इनके परिणाम आने वाले दिनों में काफी सुखद एवं दूरगामी होगा और यह योजना अच्छे दिनों के आगमन के शुभारंभ के संकेत है।
    मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कार्यक्रम के नवमीं कड़ी के प्रसारण की प्रशंसा में मिले श्रोताओं के लंबी फेहरिस्त पर भी श्रोताओं एवं प्रदेश की जनता के प्रति आभार माना। उन्होने कहा कि मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि हमारे श्रोता इस कार्यक्रम को बड़े प्यार एवं आत्यमिता से सुन रहे है। उन्होने प्रदेश में नशामुक्ति अभियान के संबंध में श्रोताओं के पत्रों का जवाब देते हुए कहा कि प्रदेश में नशा मुक्ति हेतु जन जागरण चलाई जा रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि मौजुदा खरीफ सीजन को देखते हुए सहकारी समितियों में खाद, बीज एवं उर्वरकों का पर्याप्त मात्रा में भंडारण किया जा चुका है। उन्होने कहा कि किसानों को खाद बीज का अग्रिम उठाव करने में अतिरिक्त ब्याज नहीं लगेगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्षा ऋतु में मच्छरों के प्रकोप से रोकथाम हेतु मच्छरदानी प्रदान की जायेगी। अपनी प्रसारण में मुख्यमंत्री ने प्रदेश में पर्यावरण संरक्षण हेतु चलाये जा रहे कार्यक्रमों के संबंध में भी जानकारी दी। इस अभियान के अंतर्गत प्रदेश की सभी शालाओं में अधिक से अधिक वृक्षारोपण किया जायेगा। इसके अंतर्गत छत्तीसगढ़ में एक व्यक्ति के पिछे तीन पेड़ लगाने का संकल्प लिया गया है। प्रधानमंत्री उजज्वला योजना के संंबंध में भी जानकारी दी। इस योजना के अंतर्गत मात्र 200 रूपए के रजिस्टे्रेशन में में रसोई गैस कनेक्शन दिया जायेगा। इससे महिलाओं को लकड़ी एवं कंडे के माध्यम से खाना बनाने की परेशानियों से मुक्ति मिल सके। मुख्यमंत्री ने महिलाओं में अस्थमा, टीबी आदि बीमारियों का मुख्य कारण लकड़ी से खाना बनाना है। लकड़ी से निकलने वाली धुएं से श्वास संबंधी अनेक बीमारियां होती है। हमारा यह प्रयास है कि हम अधिक से अधिक लोगो को गैस सिलेण्डर व चुल्हा प्रदान करे। जिससे की महिलाओं को खाना बनाने में सुविधा मिल सके। आज नगर निगम राजनांदगांव के सभाकक्ष में महापौर श्री मधुसूदन यादव, नगर निगम के सभापति श्री शिव वर्मा सहित एमआईसी मेम्बर एवं पार्षदों व गणमान्यजनों ने भी ‘रमन के गोठ’ कार्यक्रम को सुना। इस अवसर पर एमआईसी मेम्बर श्री देवशरण सेन, श्री पारस वर्मा, श्री मुकेश धु्रव, श्री दीपक चौहान सहित श्री संजय लड़वन, श्री शंकर पटेल, श्री सुनील सोनी, एल्डरमेन श्री मनोज लोढ़ा, श्री बंटू जैन, श्रीमती आभा श्रीवास्तव सहित गणमान्य लोग उपस्थित थे।


क्रमांक 835   /  चंद्रेश ठाकुर
 

Date: 
12 Jun 2016