रायपुर : गौशालाओं में पशुओं की आकस्मिक मृत्यु की न्यायिक जांच का निर्णय : राज्य शासन द्वारा अधिसूचना जारी

सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री ए.के. सामंत रे करेंगे जांच
आयोग द्वारा तीन माह में दी जाएगी रिपोर्ट

रायपुर, 28 अगस्त 2017

राज्य सरकार ने 16 अगस्त को दुर्ग जिले के धमधा विकासखंड के ग्राम राजपुर की शगुन गौशाला और 18 अगस्त को बेमेतरा जिले के साजा विकासखंड के ग्राम गोडमर्रा की फूलचंद गौशाला एवं ग्राम रानो की मयूरी गौशाला में पशुओं की आकस्मिक मृत्यु की न्यायिक जांच का निर्णय लिया है।
सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा आज यहां मंत्रालय (महानदी भवन) से न्यायिक जांच की अधिसूचना जारी कर दी गई है। अधिसूचना के अनुसार जांच के लिए एकल सदस्यीय आयोग का गठन किया गया है। विधि विभाग के पूर्व प्रमुख सचिव विधि और सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री ए.के. सामंत रे इस मामले की जांच करेंगे। जांच आयोग इस अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से तीन माह के भीतर राज्य शासन को अपनी रिपोर्ट सौंपेगा।
न्यायायिक जांच के बिन्दु इस प्रकार है:-
1.    कितने पशुओं की मृत्यु किन कारणों से हुई ?
2.    क्या उक्त घटना घटित होने से रोकी जा सकती थी ? घटना के लिए कौन-कौन उत्तरदायी हैं ?
3.    घटना की पुनरावृत्ति न हो इस उद्देश्य से गौशालाओं के समुचित प्रबंधन हेतु क्या-क्या सुधार किए जाएं ?
4.    गौशाला पंजीयन एवं अनुदान तथा पर्यवेक्षण की व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए और क्या-क्या सुधार किए जाएं ?
5.    गौशालाओं के प्रबंधन को अनवरत रूप से व्यवस्थित रखने के लिए विधि के प्रावधानों को किस प्रकार प्रभावी बनाया जाए?
6.    जांच के दौरान अन्य लोक महत्व के बिन्दु जिनकी जांच करना आयोग आवश्यक समझे।

क्रमांक-2285/कुशराम


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